
अमृतसर,20 जनवरी (राजन): एक लाख रूपये रिश्वत लेते हुए विजिलेंस विभाग द्वारा गिरफ्तार किए गए जिला टाऊन प्लानर रितिका अरोड़ा को कोर्ट में पेश किया गया है और अदालत ने पूछताछ के लिए विजिलेंस विभाग को दो दिन का पुलिस रिमांड दिया। वणर्नीय है कि कल जिला टाऊन प्लानर गुरदासपुर रितिका अरोड़ा को उनके ऑफिस में ही एक व्यक्ति से प्लाटों की मंजूरी देने के लिए एक लाख रुपये की रिश्वत के साथ रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया था।
यह शिकायत गुरजीत सिंह पुत्र मन्ना सिंह निवासी गांव लेहल, जिला गुरदासपुर ने दर्ज कराई थी, जिसने करीब 7 कनाल 15. 5 मरला जमीन खरीदी थी।इस जमीन पर उन्होंने प्लॉट बनवाए थे, और उन्हें रजिस्टर करवाने के लिए जिला टाउन प्लानर के कार्यालय में आवेदन किया। जब वह इस मामले में गुरदासपुर की जिला टाउन प्लानर रितिका अरोड़ा से मिले,तो उन्होंने उनकी फाइल पर कार्रवाई नहीं की और उसे टालना शुरू कर दिया। उसके बाद, जब उन्होंने आरोपी रितिका अरोड़ा से पूछा कि वह उनकी फाइल में देरी क्यों कर रही हैं, तो उन्होंने कहा कि दस्तावेज ठीक हैं लेकिन कॉलोनी का काम मुफ्त में नहीं हो सकता और कहा कि अगर वह अपने प्लॉट मंजूर करवाना चाहते हैं, तो उन्हें प्रति प्लॉट 1 लाख रुपये की रिश्वत देनी होगी।
शिकायतकर्ता रिश्वत देकर अपना काम नहीं करवाना चाहता था, इसलिए उसने विजिलेंस ब्यूरो यूनिट गुरदासपुर के ऑफिस से संपर्क किया और 1,00,000/- रुपये रिश्वत की रकम पेश की और DSP VB यूनिट गुरदासपुर के सामने अपना बयान दर्ज करवाया। इसके बाद, जाल बिछाया गया और रितिका अरोड़ा, डिस्ट्रिक्ट टाउन प्लानर, गुरदासपुर को उनके ऑफिस में 1,00,000/- रुपये रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया गया।
इस संबंध में विजिलेंस पुलिस ने FIR नंबर 02 दिनांक 19-01-2026 धारा 7 P.C एक्ट 1988, जैसा कि PC (संशोधन) एक्ट,2018 द्वारा संशोधित किया गया है, पुलिस स्टेशन विजिलेंस ब्यूरो, रेंज अमृतसर में दर्ज की गई ।
विजिलेंस ब्यूरो के एक प्रवक्ता ने बताया कि विजिलैंस विभाग ने पूछताष के लिए अदालत से रितिका अरोड़ा को चार दिन के रिमांड की मांग की गई थी,पंरतु अदालत ने आगे की पूछताछ के लिए दो दिन का रिमांड दिया है।
” अमृतसर न्यूज अपडेट्स ” की खबर व्हाट्सएप पर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक को क्लिक करके व्हाट्सएप ग्रुप ज्वाइन करें
Amritsar News Latest Amritsar News