
अमृतसर, 3 अक्टूबर:पंजाब कांग्रेस में प्रदेश प्रधान की नियुक्ति को लेकर आखिरी वक्त पर ऐसा सियासी उलटफेर हुआ कि सुबह तक अध्यक्ष पद के लिए लगभग तय माने जा रहे पूर्व सांसद विजयइंदर सिंगला का नाम पीछे छूट गया और पूर्व हॉकी कैप्टन व जालंधर कैंट से विधायक परगट सिंह को कमान सौंप दी.गई।
2 अक्टूबर को दिल्ली से चंडीगढ़ तक सिंगला के समर्थक बधाई की तैयारी कर रहे थे, लेकिन हाईकमान ने ऐन वक्त पर अपना फैसला बदल दिया। पार्टी सूत्रों के मुताबिक, इस बदलाव में पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वडिंग की राहुल गांधी से हुई मुलाकात अहम रही। सूत्रों के अनसार, वडिंग ने सिंगला के नाम पर आपत्ति जताते हुए उनके चन्नी (पूर्व CM चरणजीत सिंह चन्नी) खेमे से करीबी और इससे पार्टी के दूसरे गुटों में बढ़ने वाली नाराजगी का मुद्दा उठाया।
इसके साथ ही पंजाब में जट्ट सिख चेहरे को नेतृत्व सौंपने, चन्नी गुट से दूरी बनाए रखने, संगरूर में पहले हुए विरोध और दोआबा में भाजपा के बढ़ते फोकस जैसे सियासी समीकरण भी चर्चा में रहे। आखिर हाईकमान ने सिंगला के नाम पर आगे बढ़ने के बजाय परगट सिंह को क्यों चुना, राजा वडिंग की राहुल गांधी से मुलाकात ने फैसले को किस तरह प्रभावित किया।
” अमृतसर न्यूज अपडेट्स ” की खबर व्हाट्सएप पर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक को क्लिक करके व्हाट्सएप ग्रुप ज्वाइन करें
Amritsar News Latest Amritsar News