
अमृतसर,8 जनवरी:मनरेगा योजना बंद कर नई योजना लागू किए जाने के विरोध में पंजाब कांग्रेस का राज्यस्तरीय संघर्ष शुरू हो गया है। कांग्रेस के मनरेगा बचाओ संग्राम की शुरुआत अमृतसर से की गई, जहां से पार्टी का वरिष्ठ नेतृत्व गुरदासपुर के पहले कार्यक्रम के लिए रवाना हुआ। इस आंदोलन की शुरुआत माझा क्षेत्र से की गई है, जिसमें अमृतसर और गुरदासपुर को मुख्य केंद्र बनाया गया है। पार्टी का आरोप है कि केंद्र की भाजपा सरकार और पंजाब.की आम आदमी पार्टी सरकार मिलकर मनरेगा जैसी गरीब-मजदूरों की जीवनरेखा को खत्म करने पर तुली हुई हैं।
इस मौके पर पंजाब कांग्रेस के प्रभारी और छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि मनरेगा योजना के जरिए मजदूरों के साथ सीधा धोखा किया जा रहा है। उन्होंने घोषणा की कि आज से शुरू हुआ यह मनरेगा बचाओ संग्राम करीब 5 दिनों तक चलेगा।

इस दौरान पंजाब के अलग-अलग जिलों में सभाएं की
जाएंगी और मजदूरों व मजदूर महिलाओं से सीधे संवाद
किया जाएगा। भूपेश बघेल ने कहा कि कांग्रेस पहले प्रेसकॉन्फ्रेंस के जरिए मुद्दा उठा चुकी है और अब यह संघर्ष जनता के बीच जाकर लड़ा जाएगा।
पजाब काग्रेस अध्यक्ष और सासद अमरिंदर सिंह राजा वडिंग.ने आम आदमी पार्टी पर बड़ा हमला बोलते हुए कहा कि.आम आदमी पार्टी सरकार ने पंजाब में मनरेगा को मौत के मुंह में धकेल दिया है। उन्होंने याद दिलाया कि मनरेगा योजना कांग्रेस सरकार ने डॉ. मनमोहन सिंह और सोनिया गांधी के नेतृत्व में शुरू की थी, ताकि गरीब परिवारों को घर के पास रोजगार की गारंटी मिल सके। वड़िंग ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ने फंड में कटौती की है और राज्य सरकार ने अपना हिस्सा नहीं डाला, जिससे योजना ठप हो गई।

राजा वडिंग ने बताया कि पहले केंद्र सरकार 90 प्रतिशत और राज्य सरकार 10 फीसदी हिस्सा देती थी, लेकिन नई व्यवस्था में राज्य पर 40 फीसदी का बोझ डाल दिया गया है, जो पंजाब की आर्थिक हालत को देखते हुए संभव नहीं है। उन्होंने बायोमेट्रिक हाजिरी और मोबाइल ऐप सिस्टम पर.भी सवाल उठाए और कहा कि बुजुर्ग मजदूरों के लिए अंगूठा लगाना तक मुश्किल हो गया है।
” अमृतसर न्यूज अपडेट्स ” की खबर व्हाट्सएप पर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक को क्लिक करके व्हाट्सएप ग्रुप ज्वाइन करें
Amritsar News Latest Amritsar News